जीवन में चमत्कारिक घटनाएं अनुभव करने के लिए :

ॐ ह्रीं श्रीं
अवन्ति पार्श्वनाथाय
नमः ||

इस मंत्र का जाप जैसा लिखा है
उसी अनुसार करना.

जैसे पहले ॐ ह्रीं श्रीं बोलकर थोड़ा सा रुकना.
अवन्ति पार्श्वनाथाय कहते समय
दृष्टि पार्श्वनाथ भगवान् की प्रतिमाजी/तस्वीर
के सामने “विशेष” रूप से रखना
नमः बोलने के साथ ही ऐसा महसूस करना जैसे कि
सम्पूर्ण “तृप्ति” आ गयी हो.

विशेष:
ये मंत्र उन परिस्थियों में विशेष फलदायी है
जहाँ “अच्छे रिजल्ट्स” आने के सारे रास्ते बंद हो गए हों

“जप संख्या” महत्त्वपूर्ण नहीं है.
जब तक “चित्त” में आनंद हो तभी तक रोज करें.
जैसे 1 माला से लेकर 20 माला तक.